मेक्सिको के टियाटिहुआकन में कनाडाई पर्यटक की हत्या, पिरामिडों के बीच गोलीबारी में कई घायल
विश्व प्रसिद्ध पुरातात्विक स्थल टियाटिहुआकन के प्राचीन खंडहर सोमवार सुबह गोलियों की तड़तड़ाहट से दहल उठे। पिरामिड आॅफ द मून की ऊंचाई से एक हमलावर ने अचानक नीचे मौजूद पर्यटकों की भीड़ पर अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। इस भीषण हमले में एक 32 वर्षीय कनाडाई महिला पर्यटक की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 13 अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। इस घटना ने मेक्सिको की सुरक्षा व्यवस्था और आगामी फीफा वर्ल्ड कप की तैयारियों पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सोमवार सुबह करीब 11:30 बजे जब पर्यटक इन ऐतिहासिक पिरामिडों की भव्यता देख रहे थे, तभी 27 वर्षीय हमलावर जूलियो सीजर जासो रामिरेज ने पिरामिड के ऊपरी हिस्से से गोलियां चलानी शुरू कर दीं। चश्मदीदों ने बताया कि हमलावर ने लगभग 20 से 30 राउंड फायरिंग की। अचानक हुए इस हमले से वहां भगदड़ मच गई। पर्यटक अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर छिपने लगे।
मैक्सिकन अधिकारियों ने पुष्टि की है कि हमले में एक कनाडाई महिला ने दम तोड़ दिया है। घायल होने वाले 13 लोगों में कनाडा, अमेरिका, कोलंबिया, ब्राजील और रूस के नागरिक शामिल हैं। सात लोगों को सीधे तौर पर गोलियां लगी हैं, जबकि अन्य भगदड़ और खुद को बचाने की कोशिश में घायल हुए हैं। सभी घायलों का स्थानीय अस्पतालों में इलाज चल रहा है।
सुरक्षा बलों के मौके पर पहुंचने से पहले ही हमलावर ने खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। पुलिस को उसके पास से एक पिस्तौल, एक चाकू और भारी मात्रा में कारतूस बरामद हुए हैं। फिलहाल हमले के पीछे के मकसद का पता नहीं चल पाया है, लेकिन स्थानीय प्रशासन मामले की उच्च स्तरीय जांच कर रहा है।
मैक्सिको की राष्ट्रपति क्लाउडिया शाइनबाम ने घटना पर गहरा दुख जताते हुए कनाडाई दूतावास के साथ संपर्क साधा है। घटना के बाद नेशनल गार्ड को इलाके में तैनात कर दिया गया है और पर्यटन स्थलों की सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। यह घटना ऐसे समय में हुई है जब देश जून में होने वाले फुटबॉल विश्व कप की मेजबानी की तैयारी कर रहा है, जिससे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिंता बढ़ गई है।




