राष्ट्रीय

केजरीवाल ने मोदी और ट्रंप पर टैरिफ मुद्दे पर हमला करते हुए टिप्पणी की, ट्रंप को कायर बताया।

अरविंद केजरीवाल की अमेरिका के खिलाफ काउंटर-टैरिफ की मांग

दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने प्रधानमंत्री मोदी से अमेरिका के द्वारा लगाए गए 50% टैरिफ का जवाब देने के लिए 100% काउंटर-टैरिफ लगाने की मांग की है। केजरीवाल का कहना है कि अगर अमेरिका ने अपने टैरिफ में इस तरह का बढ़ोतरी किया है, तो भारत को भी इसका ठोस जवाब देना चाहिए। उनके अनुसार, ये मुद्दे केवल व्यापार से जुड़े नहीं हैं, बल्कि इस बात का सबूत हैं कि भारत को अपनी ताकत और समर्पण को प्रदर्शित करना चाहिए।

अमेरिका के कपास पर ड्यूटी हटाने का आरोप

केजरीवाल ने पी.एम. मोदी पर आरोप लगाया कि उन्होंने हाल ही में अमेरिका के दबाव में आकर भारतीय किसानों को धोखा दिया है। उन्होंने कहा कि अमेरिका से आने वाली कपास पर 11% ड्यूटी पहले लगाई जाती थी, जिससे भारतीय किसानों का कपास अमेरिका के कपास की तुलना में सस्ता बिका करता था। अब मोदी सरकार ने इस ड्यूटी को हटा दिया है, जो देश के किसानों के लिए बेहद नुकसानदायक साबित होगा। केजरीवाल के अनुसार, इससे किसानों के पास आत्महत्या के अलावा और कोई विकल्प नहीं बचेगा।

केजरीवाल ने कहा, “पिछले कुछ दिनों में, पीएम मोदी ने कुछ ऐसे फैसले लिए हैं जो पूरे देश के किसानों से विश्वासघात करते हैं। 90-95% किसानों को नहीं पता कि उनके साथ क्या हो रहा है। जब ये निर्णय सामने आते हैं, तो ये सिर्फ किसानों के लिए नहीं, बल्कि उनके परिवारों के लिए भी भयावह साबित होगा।”

किसानों की चिंता और आर्थिक पश्चाताप

AAP प्रमुख ने कहा कि इस निर्णय से किसानों को यह समझ में नहीं आएगा कि वे अपने उत्पादों को कहाँ और कैसे बेचे। जब अक्टूबर में भारतीय कपास मंडियों में आएगा, तब तक टेक्सटाइल उद्योग सस्ते अमेरिकी कपास को खरीद चुका होगा, जिससे भारतीय किसानों की बुरी स्थिति और भी बिगड़ जाएगी।

उन्होंने यह भी कहा कि अब भारतीय किसान अपनी मेहनत के बाद भी बाजार में प्रतिस्पर्धा का सामना नहीं कर पाएंगे। केजरीवाल ने मोदी सरकार से आग्रह किया कि किसानों की मदद के लिए एक प्रभावी योजना बनाई जाए ताकि उन्हें इस संकट से निपटने में सहायता मिले।

ट्रम्प को कायर बताना और मोदी की स्थिति

केजरीवाल ने अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्होंने भारत पर 50% टैरिफ लगाया है और उन्हें कायर बताया। उन्होंने यह भी कहा कि अन्य देशों ने ट्रम्प के इस व्यवहार का जवाब दिया जबकि भारत के पास ऐसा साहस नहीं है। “ये स्थिति हमारी कमजोरी नहीं, बल्कि हमारे सम्मान का विषय है। मोदी जी को दिखाना चाहिए कि भारत 140 करोड़ लोगों का एक सशक्त देश है।”

अडानी का मामला और देश की स्थिति

केजरीवाल ने यह भी बताया कि बुनियादी मुद्दा अडानी का नहीं है, बल्कि यह देश की किसानों, उद्योगपतियों और 140 करोड़ लोगों की गरिमा का प्रश्न है। उन्होंने मोदी पर आरोप लगाया कि वे अपने व्यक्तिगत संबंधों की रक्षा के लिए देश के लोगों का विश्वास तोड़ रहे हैं।

वे कहते हैं, “लोग कह रहे हैं कि मोदी जी अडानी को बचाने के लिए अमेरिका के सामने झुक रहे हैं। अगर यह सच है, तो यह न केवल किसानों के साथ धोखा है, बल्कि एक बड़ा सामाजिक अन्याय भी है।”

एकजुटता की अपील

केजरीवाल ने सभी राजनीतिक दलों और संगठनों से अपील की है कि वे एकजुट होकर इस मुद्दे पर आवाज उठाएं। उन्होंने यह भी कहा कि आम आदमी पार्टी ने 7 सितंबर को गुजरात के सुरेंद्रनगर में एक सार्वजनिक बैठक आयोजित करने का निर्णय लिया है, जो कि कपास उत्पादक किसानों का प्रमुख क्षेत्र है।

उन्होंने कहा, “हम सभी को एकजुट होकर किसानों की आवाज उठानी होगी। यह एक ऐसा समय है जब हमें सिस्टम के खिलाफ खड़ा होना होगा ताकि हमारे किसान और उद्योग सुरक्षित रह सकें। हमें यह सुनिश्चित करना होगा कि हमारी नीतियाँ उन लोगों के प्रति संवेदनशील हों जो देश की रीढ़ हैं।”

निष्कर्ष

अरविंद केजरीवाल की बातें न केवल किसानों के लिए महत्त्वपूर्ण हैं, बल्कि ये समग्र रूप से भारतीय अर्थव्यवस्था और उसके सम्मान की रक्षा के लिए जरूरी हैं। अगर भारतीय कृषि और उद्योग को आगे बढ़ाना है तो सरकार को इन मुद्दों को गंभीरता से लेना होगा और किसानों की भलाई के लिए ठोस कदम उठाने होंगे। 140 करोड़ लोगों के दृष्टिकोण से, अब समय है कि भारत एक सशक्त राष्ट्र के रूप में अपनी स्थिति को पहचानें और विश्व मंच पर अपनी आवाज को मजबूती से रखें।

Related Articles

Back to top button